गले फल, सब्जियों, मिठाई, चाट, बेकरी उत्पादों के बेचने पर प्रतिबंध


पदार्थों को ढक कर रखना भी अनिवार्य किया गया है, जिससे लोगों की सेहत से खिलवाड़ न हो तथा कुल्फी के पानी की स्वच्छता को प्रमाणित करना भी अनिवार्य किया गया है।  
उपायुक्त ने बताया कि इन पदार्थों की बिक्री के दौरान कोविड महामारी के मानकों की अनुपालना करना भी जरूरी होगा। उन्होंने बताया कि जिला में इन आदेशों को तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है और मुख्य चिकित्सा अधिकारी, खण्ड चिकित्सा अधिकारी और तहसीलदार व नायब तहसीलदार किसी भी दुकान व ढाबों का औचक निरीक्षण कर सकते हैं और दूषित उत्पादों को जब्त कर सकते हैं, जिससे स्थानीय लोगों की सेहत से खिलवाड़ न हो सके।  

Leave a Comment

क्या वोटर कार्ड को आधार से जोड़ने का फैसला सही है?