October 21, 2021

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दूसरों को दे ज्ञान और पुलिस बाबू खुद भूल गए वर्दी का ध्यान

शिमलाः राजेन्द्र शर्मा, दूसरों को नसीहत और खुद मियां पफजीहत की कहावत तो आप सब ने खूब सुनी होगी। इसी कहावत को चरित्रार्थ करता हुआ एक वाक्या गत दिन पेश आया है। मामला शिमला-मनाली एनएच 205 का है, गौर हो कि धण्डल के समीप हुए भ सूस्खलन के कारण
यातायात को कुफटू रोड और हरीदेवी से डायर्वट किया हुआ है, हरीदेवी के समीप सुबह करीब 11ः00 बजे पुलिस हैड काॅंस्टेबल अजय हर एक कार को रोक रहे थे जो शिमला की तरफ आ रही थी, और रोकना भी चाहिए कानूनों की अनुपालना करनी भी चाहिए। गौर हो

कि उक्त स्पाॅट पर एन एच होने के कारण वाहनों की भारी आवाजाही के कारण यहां पुलिसकर्मियों की डयूटियां लगाई गई हैं। मजे की बात तो यह है कि दूसरों को ज्ञान और खुद बाबू भूल गए वर्दी पहनने का ध्यान यहां बाबू बनकर हर गाडी को रोककर मोबाईल से

धडाधड चालान करते नजर आए। हिमाचल रिपोर्ट की टीम ने भी जब हैड काॅंस्टेबल साहब का डयूटी के प्रति जज्बा देखा तो उनके पास गए तो पता चला हवलदार साहिब ने न तो टोपी पहनी और न ही नेम प्लेट लगाई है।, अब जो व्यक्ति खुद अनुशासन में नहीं है
जैेसे नेम प्लेट और वर्दी की टोपी वह दूसरों को क्या कानून का पाठ पढा रहा है।

                                 यही नहीं हमारी टीम ने जब इस बावत मौका पर पुलिस कर्मी के इस रवैये को लेकर उनसे बात की तो हवलदार साहिब ने उल्टा हमें  ही अपना काम करने की नसीहत दे डाली।  गौर हो कि कैमरे पर आने के बाद साहिब 

पहले कुछ देर फोन पर मारूति कार में बैठ कर बातें करते रहे और इसके बाद जैसे कैसे कंही से टोपी का जुगाड किया और करीब 40 मिनट तक नाके से नदारद रहे । एक तो वर्दी पहनने ंमें कोताही औीर उपर से डयूटी के दौरान गैर हाजिरी कुछ और ही इंगित की

पुलिस कर्मी की कार्य प्रणाली पर सवालिया निशान लगा देती है। यही नहीं इसके बाद मौका पर मौजूद पुलिस काॅंस्टेबल जिसने पहले नेम प्लेट लगा रखी थी बैल्ट नं 1048 ने भी नेम प्ल्ेट उतार दी।

             शिकायकर्ता ने मौका से पुलिस अधिक्षक शिमला को दूरभाष पर सूचित किया और महोदया ने उक्त काॅंस्टेबल के खिलाफ  नियमों में कोताही बरतने पर कारवाई का आश्वासन भी दिया है, जब उक्त मसले की शिकायतत 112 आपात सेवा पर की गई तो
          जिसे वाया बालूगंज थाना धामी अग्रेषित किया गया तो चैकाी प्रभारी इंद्र सिं कोई संतोश जनक जवाब नहीं दे पाए। 
                          शिकायतकर्ता ने लिखित रूप में वर्दी न पनहनने और डयूटी से नदारद रहने के लिखित में तस्वीरा और वीडियो   सहित  शिकायत एस पी शिमला को कर दी है ।